क्रिकेट, में और मुस्लिम दोस्त - 2 - Antarvasna Story









पहला भाग पढ़ें तभी ये कहानी समझ आएगी!





थोड़ी देर बाद शबरीन ने मेरे कंधे पर हाथ रखा और कहा ” अरे तुम ठीक हो कहां खो जाते हो रिलैक्स करो “





ऐसा बोलकर वो हस के चली गयी !





शायद मैं ज्यादा सोच रहा था उसे कुछ नहीं पता चला वो बस मेरे 0 पर आउट हो जाने के कारण सवाल कर रही थी!





कुछ दिन सब नार्मल था सब बढ़िया हस खेल रहे थे!





मैंने शाबरीन को खेलने के लिए बुलाया उसने कहा घर पर कोई नहीं हैं आज और एक अजीब सी स्माइल देकर चली गई!





मुझे फिरसे वो सब याद आ गया और मैं थोड़ा घबरा गया!





मैंने सोचा छोड़ो उसे नहीं खेलना कोई बात नहीं सब दोस्त आ गए थे पर मेरे दिमाग में वही सब था की वो घर अकेली हैं पक्का भाई के साथ सेक्स कर रही होगी!





मुझे उसे फिरसे देखना था उसका पसीने में भीगा बदन, उसके गोल बूब्स, और उसकी चुदाई!





मुझसे रहा नहीं गया तो मैंने आज खेलने से मना कर दिया की मुझे कही जाना हैं!





बाकि सब खेलने लग गए और मैं देखने लगा मोके की तलाश!





धीरे धीरे मैं छत टाप कर उसकी छत पर गया और छत के दरवाजे पर हाथ लगाया तो वो खुला हुआ था!





मैं खुश हो गया दिल की दड़कन भी बढ़ गयी और धीरे से मैं उसके घर में घुस गया!





उसके कमरे की तरफ गया पर वंहा कोई नहीं था पर अंदर से आवाज आ रही थी!





मुझे लगा कमरे के अंदर बाथरूम अटैच था उसमे कर रहे होंगे!





मैं जैसे ही कमरे के अंदर गया शाबरीन ने कमरे का दरवाजा बंद कर दिया और मुझे दीवार की तरह ढकेला और कहा





“ओह्ह तो तुम ही थे पकडे गए उस दिन तुम ही थे जो छत के रास्ते आए”





मै घबरा गया मैंने शाबरीन को बोला की मैं सब सच बताता हूँ उसे जाने दो!





उसने कहा ठीक हैं तो हम रिलैक्स हुए और मुझे यकीं नहीं हुआ की मैं शाबरीन के जाल में फस गया!





उसने कहा अब बताओ क्या देखा उस दिन? ( Muslim Sex Story)





मैंने उसे बताया पूरी कहानी की कैसे मैं छत के रस्ते निचे आया अनजाने में ये सोचकर की घर में कोई घुस आया हैं!





फिर मैंने तुम्हे सेक्स करते हुए देखा भाई के साथ!





उसे गुस्सा आ गया वो चिल्लाई की तुम्हे पता भी हैं तुमने क्या देख लिया?










मैंने कहा हां मैं जानता हूँ, उसने कहा क्या तुमने किसी को बताया ?





मैंने कहा नहीं किसी को नहीं बताया कोई समझेगा नहीं सब बदनाम करने लग जायेंगे तुम्हे!





उसने कहा क्यों नहीं बताया तुमने वैसे ?





मैंने कहा देखो मैं तुम्हे पसंद करता हूँ मतलब अच्छा मानता हूँ !





वो सब देखकर मेरा दिमाग खराब हुआ पर मुझे तुम्हे बिना कपड़ो के देखकर मजा आ गया!





मुझसे रहा नहीं गया तो आज मैं क्रिकेट छोड़कर तुम्हारे पास चला आया!





उसने कहा हां ये बात तो हैरान करदेने वाली हैं की तुमने क्रिकेट छोड़ दिया!





उसने कहा तो अब क्या? मैंने कहा अब मुझे जाने दो , मैं किसी से कुछ नहीं कहूंगा!





मैं जाने लगा उसने मेरा हाथ पकड़ लिए और कहा मैंने तुम्हे अपनी कहानी सुनाने नहीं बुलाया था इधर!





मैंने कहा मतलब, उसने कहा उस तुम 0 पर आउट हुए और तुम्हारे हरबड़ाना साफ़ दिखा चूका था की तुम ही थे वो!





मैंने कहा तुम्हे सब पता था फिर मुझे क्यों बुलाया?





उसने कहा क्युकी घर पर कोई नहीं हैं इसीलिए तुम्हे बुलाया!





वो मेरे करीब आयी मैं उसके करीब आया मैंने उसे किस कर लिया!





हम दोनों के बिच जबरदस्त किस शुरू हो गयी , धीरे धीरे कपड़े उतरने लगे और आखिर मे हम दोनों पुरे नंगे हो गए!





उसने मेरा लंड पकड़ा और बोला सही मोटा हैं और लंड पकड़ कर मुझे बेड पर ले गयी!





वो खुद घोड़ी बन गयी और मेरा लंड पकड़ कर अपनी मुलायम चूत पर रखा और कहा शुरू हो जाओ





मैंने लंड घुसाया और आह हां हआ मजा आ गया बहुत गरम चूत और कस्सी हुई!





मैंने दोनों हाथ उसकी गांड पर और उसकी जोर से चुदाई करने लगा!





वो चीखने लगी उह्ह्ह उम्म्म हाई अम्मी आह आआआआ। ……





मैंने दोनों हाथ से उसके बूब्स पकडे और उसे ऊपर की तरफ खींचा!





मैं उसके गार्डन और होंठ चूमने लगा और चुदाई करता गया करता गया!





वो बोल रही थी की अबसे रोज चुदाई करेंगे तुम आओगे?





मैंने कहा हां बिलकुल आऊंगा और चुदाई करता गया, इतना उत्तेजना भर गयी की जल्दी निकल गया मेरा और सारा माल उसकी चूत में डाल दिया !





थोड़ी देर तो हम नंगे पड़े रहे फिर कपड़े पहने और मुझे ध्यान आया मुझे मेरे दोस्त ढूंढ रहे होंगे !





मैंने उसे किश किया और कहा अगली बार टाइमिंग चेंज करना मुझे क्रिकेट भी खेलना होता हैं!





वो हसने लगी और फिर तबसे हम मिलते हैं और चुदाई मचा देते हैं!





मैंने कभी उसके भाई को उसके साथ नहीं देखा शायद उन दोनों का ये सब बंद हो गया होगा!





खेर ये थी मेरी कहानी जो उम्मीद करता हूँ आपको पसंद आयी होगी!







Post a Comment

0 Comments